Rhymes Of Soul | by Vishal Kumar
Long distance relationship
उसको देखे महीनो बीत गए ,
स्पर्श को भी ये बदन तरस गए ,
उसका लड़ना झगड़ना रूठ जाना ,
फिर खुद ही आकर SORRY बोल जाना |
उससे छोटी छोटी बातो पे लड़ना ,
मैं रूठु तो उसका मानना ,
वो रूठे तो मेरा रिझाना ,
कुछ पल हाथ पकड़ कर चलना ,
और फिर अचानक से थम सा जाना |
उसके हाथो की गरमाहट ,
उसके माथे पे वो चुम्बन ,
वो कातिलाना SMILE ,
और कभी प्यारा सा तेवर ||
मुझे छोटी सी खरोच भी आये तो वो चीख जाती थी ,
"APNA KHAYAL RAKHA KARO" यही बार बार दुहराती थी |
जब सोचता हूँ ये सब तो मायूसी सी छा जाती है चेहरे पर ,
फिर एक ही ख्याल आता है। ...... काश ! मैं वहां से गया ही ना होता |
जी हां ! अब वो और मैं साथ नहीं |
We are no more with each other , but still we used to experience all those feelings by just talking with each other one phone for few minutes.
वो मुझसे दूर है फिर भी दिल के करीब है ,
मैं उसके पास नहीं , फिर भी वो खुश है |
रिश्तों को जरुरत होती है विस्वास की ,
वो मेरे साथ नहीं तो क्या हुआ ,
उसका एहसास आज भी है ,
वो कल मेरे पास थी , वो आज मेरे आस पास है | |
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स्पर्श को भी ये बदन तरस गए ,
उसका लड़ना झगड़ना रूठ जाना ,
फिर खुद ही आकर SORRY बोल जाना |
उससे छोटी छोटी बातो पे लड़ना ,
मैं रूठु तो उसका मानना ,
वो रूठे तो मेरा रिझाना ,
कुछ पल हाथ पकड़ कर चलना ,
और फिर अचानक से थम सा जाना |
उसके हाथो की गरमाहट ,
उसके माथे पे वो चुम्बन ,
वो कातिलाना SMILE ,
और कभी प्यारा सा तेवर ||
मुझे छोटी सी खरोच भी आये तो वो चीख जाती थी ,
"APNA KHAYAL RAKHA KARO" यही बार बार दुहराती थी |
जब सोचता हूँ ये सब तो मायूसी सी छा जाती है चेहरे पर ,
फिर एक ही ख्याल आता है। ...... काश ! मैं वहां से गया ही ना होता |
जी हां ! अब वो और मैं साथ नहीं |
We are no more with each other , but still we used to experience all those feelings by just talking with each other one phone for few minutes.
वो मुझसे दूर है फिर भी दिल के करीब है ,
मैं उसके पास नहीं , फिर भी वो खुश है |
रिश्तों को जरुरत होती है विस्वास की ,
वो मेरे साथ नहीं तो क्या हुआ ,
उसका एहसास आज भी है ,
वो कल मेरे पास थी , वो आज मेरे आस पास है | |
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